• Sun. Sep 6th, 2026

मालेगांव ब्लास्ट केस : 9 साल जेल में रहने के बाद बरी हुए लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद श्रीकांत पुरोहित को पदोन्नति, केंद्रीय मंत्री ने कहा – ‘सच्चे देशभक्त’

ByManish Kumar Pal

Sep 27, 2025

NEWS NATIONAL

2008 के मालेगांव विस्फोट मामले में लंबे समय तक कानूनी लड़ाई लड़ने के बाद बरी हुए लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद श्रीकांत पुरोहित को सेना ने कर्नल पद पर पदोन्नत किया है। करीब नौ साल जेल में बिताने वाले पुरोहित के लिए यह पदोन्नति उनके सैन्य करियर की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
गिरिराज सिंह ने दी बधाई……
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर उन्हें बधाई दी और लिखा – “कर्नल पुरोहित को वर्दी में वापसी पर बधाई। सरकार उन देशभक्तों के साथ दृढ़ता से खड़ी है, जो साहस और निष्ठा के साथ देश की सेवा करते हैं।”
अदालत ने कहा – ‘सिर्फ शक से दोष सिद्ध नहीं’……
विशेष एनआईए अदालत ने 31 जुलाई 2025 को पुरोहित समेत सातों आरोपियों को बरी कर दिया था। कोर्ट ने साफ कहा कि अभियोजन पक्ष पर्याप्त और ठोस सबूत पेश करने में नाकाम रहा। महज संदेह को सबूत नहीं माना जा सकता। अदालत ने यह भी पाया कि पुरोहित पर RDX रखने का आरोप साबित नहीं हो पाया।
पुरोहित का पक्ष…….
बरी होने के बाद कर्नल पुरोहित ने कहा था – “मुझ पर गंभीर आरोप लगे लेकिन अदालत में मैं निर्दोष साबित हुआ। अब अतीत को पीछे छोड़कर आगे बढ़ने का समय है। मैं भारतीय सेना और अपनी कानूनी टीम का आभारी हूं, जिन्होंने मुझे न्याय दिलाने में साथ दिया।”
मालेगांव ब्लास्ट क्या था?…..
29 सितंबर 2008 को महाराष्ट्र के मालेगांव में एक मस्जिद के पास खड़ी मोटरसाइकिल में बम धमाका हुआ था। इस हादसे में छह लोगों की मौत हो गई थी और 100 से अधिक लोग घायल हुए थे। इस केस में पहली बार किसी सेवारत आर्मी अफसर – ले. कर्नल पुरोहित – की गिरफ्तारी हुई थी, जो उस समय बड़ी सुर्खियों में रहा।
सैन्य करियर पर असर……
सूत्रों के अनुसार, यदि उनकी सेवा बीच में बाधित न हुई होती तो वे अब तक मेजर जनरल पद तक पहुंच सकते थे। मार्च 2026 में रिटायर होने से पहले यह पदोन्नति उनके लिए अंतिम बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।

Related Post

रोशनाबाद सूर्यनगर निवासी व्यक्ति ने बेटे-बहू समेत पांच लोगों पर लगाए गंभीर आरोप, एसएसपी के यहाँ दी शिकायत, बताया जानमाल का खतरा,
रोशनाबाद-हेत्तमपुर के बीच लगा मेला बना सवालों के घेरे में, बिना NOC और फिटनेस के चल रहे झूले?न कोई सुरक्षा इंतजाम, न फिटनेस का भरोसा—गगनचुंबी झूलों पर बच्चों की जिंदगी से खिलवाड़ का आरोप
शाम ढलते ही सजता है सट्टे का कथित खेल! रावली महदूद में ‘प्यारे मोहन’ के नाम की चर्चा, युवाओं को जुए के जाल में धकेलने के आरोप

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You missed